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PG Diploma: प्रोजेक्ट मैनेजमेंट में डिप्लोमा कोर्स की डिटेल

पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा इन प्रोजेक्ट मैनजमेंट 1 साल की अवधि का पोस्ट ग्रेजुएट लेवल का डिप्लोमा कोर्स है जो कि प्लेनिंग, एग्जीक्यूशन और प्रोजेक्ट के लक्ष्य को हासिल करने से संबंधित विषयों पर केंद्रित है।
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इस कोर्स में एडमिशन लेने के लिए उम्मीदवारों के पास किसी मान्यता प्राप्त यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन की डिग्री होने के साथ-साथ संबंधित क्षेत्र में कम से कम दो साल का कार्य अनुभव भी होना चाहिए।
एडमिशन टाइप
भारत में, पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा इन प्रोजेक्ट मैनेजमेंट कोर्स में एडमिशन एंट्रेंस एग्जाम के आधार पर नहीं बल्कि मेरिट लिस्ट के आधार पर किया जाता है।
पीजीडी इन प्रोजेक्ट मैनेजमेंट कोर्स सरकारी व प्राइवेट दोनों प्रकार के कॉलेज द्वारा प्रदान किया जाता है। जिसकी औसत फीस 1,00,000 से 10,00,000 तक के बीच हो सकती है।
प्रोजेक्ट मैनेजमेंट का डिप्लोमा कोर्स पूरा करने के बाद उम्मीदवार जॉब के लिए मैन्यूफेक्चरिंग इंडस्ट्री, कंस्ट्रक्शन और इंजीनियरिंग कंपनियां, सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट कंपनियां, स्वास्थ्य सेवा आदि क्षेत्र में प्रोजक्ट कंट्रोल एग्जीक्यूटिव, प्रोजेक्ट लीडर, प्रोजेक्ट मैनेजर, प्रोजेक्ट इंजीनियर आदि के रूप में काम कर सकते हैं।
मुख्यत: इस कोर्स में इंजीनियरिंग की डिग्री वाले उम्मीदवार एडमिशन के लिए एप्लाई कर सकते हैं। अन्य डिग्री वाले छात्र भी इस कोर्स के लिए एप्लाई कर सकते हैं लेकिन उनके पास 2 से 4 साल का कार्य अनुभव होना चाहिए।
एलिजिबिलिटी
  • डीआईटी विश्वविद्यालय, देहरादून
  • नीटी मुंबई - राष्ट्रीय औद्योगिक इंजीनियरिंग संस्थान
  • करियर पॉइंट यूनिवर्सिटी, कोटा
प्रोजेक्ट मैनेजमेंट में पीजी डिप्लोमा करने के बाद छात्र विभिन्न क्षेत्रों  टीम लीडर, टीम कॉर्डिनेटर  बनकर काम कर सकते हैं।
बता दें कि प्रोजेक्ट मैनेजर प्रोजेक्ट का बजट मैनेज करते हैं, प्रोजेक्ट को डेवलप करने की योजना बनाते हैं और उसकी निगरानी करते हैं, प्रोजेक्ट के लिए एक समयरेखा विकसित करते हैं।
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