पापुआ न्यू गिनी दौरे के दौरान पीएम जेम्स मारापे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पैर छूकर उनका आगमन किया। जिसकी फोटो तेजी से पूरी विश्व भर में वायरल हो रही हैं।
पैर छूने की परम्परा के पीछे वैज्ञानिक कारण जानने के लिए सबसे पहले हमें यह जानना होगा कि मनुष्य अपने शरीर की एनर्जी लेता कहां से है और बाहर कहां से निकालता है?
बता दें कि मनुष्य अपने शरीर की एनर्जी हाथों से लेता है और पैरों से बाहर निकालता है।
तो होता क्या है कि जब कोई व्यक्ति किसी के पैर छूता है तो वो उनके पैर से निकल रही अनर्जी को अपने हाथों से छूकर अपने शरीर में लेता है।
पैर छूने की परम्परा को लेकर विज्ञान का यही कहना है कि एक इंसान जब दूसरे व्यक्ति के पैर छूता है तो वो उसके पैरों से पॉजिटिव एनर्जी लेता है।
और अगर भारतीय संस्कृति पहलू से देखें तो उसका भी यही अर्थ है कि जब आप अपने से बड़ों के पैर छूते हैं तो आप उनका औरा अपने अंदर लेते हैं।